कुछ मोहब्बतें पाने के लिए नहीं, उम्रभर महसूस करने के लिए होती हैं… ❤️🌸
१. ज्ञानेन्द्रियाँ और स्पर्श,
२. मानसिक एकाग्रता,
३. स्वीकृति और खुलापन
ये मुख्य आधार होते हैं *महसूस* करने के लिए
इनमें से एक भी ना हो तो *एहसास* पूर्ण नहीं होते
💯💞💯
उम्रभर ज्ञानेन्द्रियों ने एकाग्र हो महसूस किया है तेरे मधुर स्पर्श को...
दिल खोल कर स्वीकार है वो सालभर में एक बार पलभर का मिलन...
~
ज़िंदगी ख़्वाब ही सही, जी लेंगे हम..
प्यार के दो बोल ही सही, पी लेंगे हम..
सनम तेरी कसम ❤️🔥
"वो पास न होकर भी मेरे पास बहुत है"
या यूँ समझो कि;
"एक रूह में उतरा है, एक जिस्म छू के गुज़रा है"
या यूँ कह दो
"कि वो ज़ुबाँ तक नहीं आता, पर आँखों में दिखता है"
ज़मीन (मिसरा) तो एक ही है पर आसमाँ अलग है